कन्या संक्रांति 2024

16 सोमवार सितंबर 2024

पर्व का महत्व (About Festival)

कन्या संक्रांति वह पवित्र समय है जब सूर्य देव सिंह राशि से निकलकर कन्या राशि में प्रवेश करते हैं। यह दिन स्नान, दान और सूर्य देव की उपासना के लिए विशेष रूप से शुभ माना जाता है। इसी समय से पितृ पक्ष के दौरान विश्वकर्मा पूजा का भी विधान है।

कन्या संक्रांति

पूजा विधि (Pooja Vidhi)

1. प्रातः काल स्नान कर सूर्य देव को अर्घ्य (जल) अर्पित करें।
2. इस दिन तिल, अन्न या वस्त्र का दान करना बहुत पुण्यकारी माना गया है।
3. घर के मंदिर में दीप जलाएं और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।
4. अपने पितरों (पूर्वजों) के निमित्त तर्पण और श्राद्ध कर्म करें।